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    EPF का UAN-यूनिवर्सल अकाउंट नंबर क्या है और इसके फायदे?


    देश के हर नागरिक की जरुरत रोटी, कपड़ा और मकान है. जिसके लिए रोजगार की आवश्यकता होती है. कुछ लोग अपने योग्यता और शिक्षा के बदौलत किसी कम्पनी में नौकरी करते हैं तो को अपना स्वरोजगार कर अपनी जरूरतें पूरा करता है. जी हां, जरूरत ही पूरा करते हैं. पुरे देश के सरकारी विभागों में काम करने वाले 70 प्रतिशत से ज्यादा लोग ठेके पर काम करते हैं और इसमें जरूरत ही पूरा किया जा सकता है. अब चाहे रोजगार किसी भी तरह का क्यों न हो. हर किसी को अपने भविष्य की चिंता होती है. अपने जरूरत और हैसियत के हिसाब से हर कोई अपने बेहतर कल के लिए कुछ न कुछ सेविंग करने की कोशिश करता है. नौकरी करने वाले लोगों के लिए सरकार ने पीएफ यानी कि पब्लिक प्रोविडेंट फंड यानी की भविष्य निधि की सुविधा प्रदान कर रखी है.




    अभी तक पब्लिक प्रोविडेंट फंड को एक अच्छा, फायदेमंद और सुरक्षित निवेश का विकल्प माना जाता है. जहां इंप्‍लॉई प्रोविडेंट फंड की सुविधा सिर्फ सरकारी या निजी कंपनी में नौकरी पेशा लोगों को होती है. पीएफ की जितनी राशि आपकी सैलरी से कटकर पीएफ अकाउंट में जमा होती है ठीक इतनी ही राशि कंपनी भी अपनी तरफ से आपके खाते में जमा कराती है. इस तरह से जब आप नौकरी करते है तो एक अच्छी खासी रकम आपके भविष्य के लिए जमा हो जाता है. आपका यह पैसा EPFO ऑफिस में जमा हो जाता है.

    अब ईपीएफ ने ऑनलाइन पीएफ रख-रखाव यानि देखभाल की सुविधा प्रदान की है. जिस तरह से आप ऑनलाइन बैंकिंग इस्तेमाल करते है. ठीक उसी तरह से आप अपने पीएफ का खाता को जब चाहे ऑनलाइन चेक कर सकते हैं. इसके लिए आपको अपने UAN नंबर एक्टिवट करना पड़ता है. इसके बारे में आगे जानकारी देंगे. उससे पहले आपको यह बता दें कि कल पीएफ बैलेंस चेक करने के 7 तरीका की जानकारी शेयर की थी. आपलोगों को पसंद आया इसके लिए धन्यबाद. आपको बताते हुए काफी ख़ुशी हो रही है कि मात्र 24 घंटे में इस पोस्ट को शोशल मिडिया में 38,651 लोग देख चुके है और ब्लॉग पर लगभग 5,000 से ज्यादा लोगों ने इसको पढ़ा है. यह केवल आपलोगों का प्यार है.

    EPF का UAN-यूनिवर्सल अकाउंट नंबर क्या है और इसके फायदे?

    यूएएन जिसका पूरा फुल फॉर्म यूनिवर्सल अकाउंट नंबर है. यूएएन 12 अंकों का यूनिक नंबर है जो कि कर्मचारी भविष्य निधि (ईपीएफ) के प्रत्येक सदस्यों यानि खाताधारको को आवंटित किया जाता है. इस यूएएन के द्वारा ही हम अपने ईपीएफ खाते का देखभाल करते है. यह संख्या श्रम और रोजगार मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा जारी किया जाता है. पहले जब भी कोई कर्मचारी नौकरी बदलता था तो उसे आमतौर पर पुराने कंपनी में चक्कर काट कर अपना पीएफ खाते को बंद करवाना होता था. इसके बाद वह अपना पैसा निकाल पता था. जबकि अब यूनिवर्सल अकाउंट नंबर होने से नए कंपनी में केवल इस नंबर को बताना होगा फिर नया कंपनी  इसको यूज करके हमारे नया पीएफ खाता खोलेगा जो कि हमारे यूनिवर्सल अकाउंट नंबर से जुड़ा होगा. यूनिवर्सल अकाउंट नंबर एक छतरी के तरह काम करता है जिससे एक या एक से अधिक सदस्यों की आईडी एक और अलग- अलग संस्थानों/कंपनियों के लिए आवंटित किया जाता है. 

    यूएएन का उपयोग करके आप पीएफ ऑनलाइन निकाल सकते है. पीएफ़ राशि को पुराने खाते से नए खाते में स्थानांतरित करना भी यूएएन के साथ बहुत ही आसान बन गया है. पीएफ खाताधारक यूएएन सदस्य पोर्टल ऑनलाइन का इस्तेमाल कर अपना ईपीएफ का बैलेंस खुद ही देख सकते है. इसका सबसे बड़ा फायदा यह है कि अगर आपका कंपनी यानि एम्प्लायर हर महीने पीएफ का काटा हुआ पैसा जमा नहीं करता तो आपको बिना कहीं गए इसका पता चल जायेगा. पीएफ का पैसा जमा करने के बाद हर महीने बैंक खाते की तरह मैसेज आता है.

    यूनिक नंबर का सबसे बड़ा फायदा यह है कि पहले पुरानी कंपनी छोड़ने के बाद अपने पैसे निकालने  के लिए पुरानी कंपनी के द्वारा साईंन करके ईपीएफ ऑफिस में आवेदन भेजना पड़ता था. मगर अब केवाईसी सत्यापन पूर्ण होने के बाद आपके पिछले खाते में पीएफ पैसा अपने आप नए पीएफ खाते में स्थानांतरित कर दिया जाएगा.

    अभी फ़िलहाल इतना ही..आगे भी हम आपके लिए इसी तरह की जानकारी शेयर करने को कोशिश करेंगे. साथी, स्कुल और कॉलेज में तो हम कंपनी में कैसे काम करना है? वह सीख जाते हैं, मगर उससे हम एक मशीन बनकर रह जाते हैं. जिसका उपयोग करके कंपनी और उसका मालिक दिन-दुनी और रात चौगनी तरक्की करता है. अगर हम अपने लाइफ का थोड़ा-थोड़ा टाईम निकाल कर अपने हक़ और अधिकार के बारे में पढ़ लें तो शायद कोई हमें ठग न पाये. केवल खुद के जानकारी ले लेना से नहीं बल्कि देश तरक्की तो तब करेगा जब हर नागरिक पढ़ेगा और जानकर होगा. उम्मीद है इस जानकारी को अपने साथी तक पहुंचायेगे. हमारी कोशिश होगी आगे भी धीरे-धीरे बहुत ही सरल और आसान तरीके से आप तक जानकारी पहुंचे. अगर कोई सवाल हो तो जरूर पूछियेगा. जुड़े रहें. धन्यबाद.

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